Ana SayfaMealler › Suhel-Saifur
SS

Suhel-Saifur

Suhel-Saifur
Suhel-Saifur meali ile okumaya başla
Mutaffifın 1 / 36
1
नाप तौल में कमी करने वालों की ख़राबी है
Suhel-Saifur 83:1
2
जो औरें से नाप कर लें तो पूरा पूरा लें
Suhel-Saifur 83:2
3
और जब उनकी नाप या तौल कर दें तो कम कर दें
Suhel-Saifur 83:3
4
क्या ये लोग इतना भी ख्याल नहीं करते
Suhel-Saifur 83:4
5
कि एक बड़े (सख्त) दिन (क़यामत) में उठाए जाएँगे
Suhel-Saifur 83:5
6
जिस दिन तमाम लोग सारे जहाँन के परवरदिगार के सामने खड़े होंगे
Suhel-Saifur 83:6
7
सुन रखो कि बदकारों के नाम ए अमाल सिज्जीन में हैं
Suhel-Saifur 83:7
8
तुमको क्या मालूम सिज्जीन क्या चीज़ है
Suhel-Saifur 83:8
9
एक लिखा हुआ दफ़तर है जिसमें शयातीन के (आमाल दर्ज हैं)
Suhel-Saifur 83:9
10
उस दिन झुठलाने वालों की ख़राबी है
Suhel-Saifur 83:10
11
जो लोग रोजे ज़ज़ा को झुठलाते हैं
Suhel-Saifur 83:11
12
हालॉकि उसको हद से निकल जाने वाले गुनाहगार के सिवा कोई नहीं झुठलाता
Suhel-Saifur 83:12
13
जब उसके सामने हमारी आयतें पढ़ी जाती हैं तो कहता है कि ये तो अगलों के अफसाने हैं
Suhel-Saifur 83:13
14
नहीं नहीं बात ये है कि ये लोग जो आमाल (बद) करते हैं उनका उनके दिलों पर जंग बैठ गया है
Suhel-Saifur 83:14
15
बेशक ये लोग उस दिन अपने परवरदिगार (की रहमत से) रोक दिए जाएँगे
Suhel-Saifur 83:15
16
फिर ये लोग ज़रूर जहन्नुम वासिल होंगे
Suhel-Saifur 83:16
17
फिर उनसे कहा जाएगा कि ये वही चीज़ तो है जिसे तुम झुठलाया करते थे
Suhel-Saifur 83:17
18
ये भी सुन रखो कि नेको के नाम ए अमाल इल्लीयीन में होंगे
Suhel-Saifur 83:18
19
और तुमको क्या मालूम कि इल्लीयीन क्या है वह एक लिखा हुआ दफ़तर है
Suhel-Saifur 83:19
20
जिसमें नेकों के आमाल दर्ज हैं
Suhel-Saifur 83:20
21
उसके पास मुक़र्रिब (फ़रिश्ते) हाज़िर हैं
Suhel-Saifur 83:21
22
बेशक नेक लोग नेअमतों में होंगे
Suhel-Saifur 83:22
23
तख्तों पर बैठे नज़ारे करेंगे
Suhel-Saifur 83:23
24
तुम उनके चेहरों ही से राहत की ताज़गी मालूम कर लोगे
Suhel-Saifur 83:24
25
उनको सर ब मोहर ख़ालिस शराब पिलायी जाएगी
Suhel-Saifur 83:25
26
जिसकी मोहर मिश्क की होगी और उसकी तरफ अलबत्ता शायक़ीन को रग़बत करनी चाहिए
Suhel-Saifur 83:26
27
और उस (शराब) में तसनीम के पानी की आमेज़िश होगी
Suhel-Saifur 83:27
28
वह एक चश्मा है जिसमें मुक़रेबीन पियेंगे
Suhel-Saifur 83:28
29
बेशक जो गुनाहगार मोमिनों से हँसी किया करते थे
Suhel-Saifur 83:29
30
और जब उनके पास से गुज़रते तो उन पर चशमक करते थे
Suhel-Saifur 83:30